कॉन्ग्रेस का कोढ़ है धर्मांतरण, रोकने को देर से बने कानून कितने दुरुस्त?

आनंद कुमार  बराबरी का अधिकार संविधान ही छीन लेता है। जब अनुच्छेद 25(1) में कहा जाता…

आखिर क्यों पीएम बार-बार कर रहे वन नेशन वन इलेक्शन की बात

राजेश श्रीवास्तव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को संविधान दिवस के मौके पर एक कार्यक्रम को…

“विधायक जी की जनसेवा”

कृष्णमुरारी त्रिपाठी अटल नेताजी जो कल तक रसूखदारों के पीछे-पीछे जयकारे लगाते हुए घूम रहे थे…

दीप्रिंट वालो! ‘लव जिहाद’ हिन्दू राष्ट्र का आधार नहीं, हिन्दू बच्चियों को धोखेबाज मुस्लिमों से बचाने का प्रयास है

जयन्ती मिश्रा ‘लव जिहाद’ के नाम पर आज कल वामपंथी गिरोह ने एक नया एजेंडा चलाना…

‘मोदी है तो मुमकिन है’, यह कोई चुनावी नारा नहीं भारतीय राजनीति की हकीकत है

नीरज कुमार दुबे ‘मोदी है तो मुमकिन है’, अब यह नारा नहीं बल्कि एक हकीकत बन…

सपा-बसपा ना तो मिल कर और ना ही अलग होकर भाजपा को चुनौती दे पा रहे हैं

अजय कुमार गैर भाजपाई दलों के लिए उत्तर प्रदेश की सियासी डगर लगातार ‘पथरीली’ होती जा रही है।…

कलम के साथियों आप खुद तय करिये अपनी कीमत, वरना…

राजेश श्रीवास्तव पिछले कुछ दिनों में देश ने मीडिया का ऐसा चेहरा देखा है जो आम…

लव जेहाद ही नहीं , , किसी भी जेहाद से मुक्ति पाने के लिए फ़्रांस मॉडल पूरी दुनिया के लिए अब एक मॉडल है

दयानंद पांडेय लव तो एक बहुत ही पवित्र शब्द है लेकिन लव जेहाद बहुत बड़ा कोढ़…

मां के बनाए काजल की कालिख से मुनव्वर राना ने अपना चेहरा काला कर लिया

दयानंद पांडेय यह अच्छा ही हुआ कि मुनव्वर राना के खिलाफ उत्तर प्रदेश पुलिस ने सांप्रदायिक विद्वेष…

अभिव्यक्ति की आजादी की लक्ष्मण रेखा कहां हो…

चंद्र भूषण पांडे लोकतंत्र अपने वसूलों पर चलता है। लोकतंत्र में परंपराओं का बड़ा महत्व है।…